
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को दून विश्वविद्यालय में नए शैक्षणिक सत्र के शुभारंभ अवसर पर विद्यार्थियों को नई पीढ़ी की ताकत का अहसास कराया। उन्होंने युवाओं से कहा कि वे केवल ‘जेन जी’ नहीं, बल्कि ‘इंडी जेनरेशन’ यानी इंडियन जेनरेशन हैं। विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में युवा पीढ़ी की सबसे अहम भूमिका है।
मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों का आह्वान किया कि वे बड़े सपने देखें, अपनी प्रतिभा और क्षमता को पहचानें तथा लक्ष्य हासिल होने तक निरंतर मेहनत करते रहें। उन्होंने कहा कि आज का युवा देश की दिशा और भविष्य तय करने की क्षमता रखता है। ऐसे में युवाओं को अपनी ऊर्जा और समय का सकारात्मक दिशा में उपयोग करना चाहिए।
दून विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम धामी ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल कक्षाओं में पढ़ाई और परीक्षाओं तक सीमित नहीं है। विश्वविद्यालय वह मंच है, जहां विद्यार्थी अपनी क्षमताओं को पहचानते हैं, नई सोच विकसित करते हैं और भविष्य की दिशा तय करते हैं।
उन्होंने विद्यार्थियों से समय का सदुपयोग करने और लगातार अपनी क्षमताओं को निखारने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा अपनी प्रतिभा पर भरोसा रखें और चुनौतियों से घबराने के बजाय उन्हें अवसर के रूप में देखें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश को विकसित भारत बनाने के लक्ष्य में युवाओं की भागीदारी बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा के साथ-साथ नवाचार, रचनात्मकता और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने का आह्वान किया।







